कर्नाटक के कई वरिष्ठ नेता जिनमें पूर्व प्रधानमंत्री एच.डी. देवगौड़ा और पूर्व मुख्यमंत्री बी.एस. येद्दियुरप्पा भी शामिल हैं, ज्योतिषियों के एक समूह से सलाह लिए बिना एकदम भी नहीं चलते.
ज्योतिष की दुनिया में व्याप्त कदाचार को खत्म करने के लिए संघ परिवार के माने जाने वाले कर्नाटक मुजरई (मंदिर एवं धर्मादा) मंत्री कोटा श्रीनिवास पुजारी ने सुझाव दिया है कि सभी ज्योतिषियों तथा काला जादू का धंधा करने वालों के पंजीकरण और निगरानी की व्यवस्था की जानी चाहिए.
दो साल पहले येद्दियुरप्पा ने आरोप लगाया था कि राज्य सचिवालय में उनके विरोधियों द्वारा करवाए गए काले जादू से उनकी जिंदगी खतरे में पड़ गई थी. बंगलुरू के साइंस सिटी कहलाने के लिए इतना तो काफी है न!

