5 जनवरी को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर जमकर हमला किया है. उन्होंने रूस से भारत में तेल की आपूर्ति कम होने के दावे पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमेरिका के दबाव के आगे झुक रहे हैं.
उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयानों को लेकर पीएम मोदी पर कहा, "मैं नहीं समझ पा रहा कि मोदी ट्रंप के सामने क्यों झुक रहे हैं. यह देश के लिए ठीक नहीं है. आपको देश के लिए खड़ा होना चाहिए. देश ने आपको प्रधानमंत्री सिर हिलाने के लिए नहीं चुना."
हिटलर और मुसोलिनी से खड़गे की तुलना
मल्लिकार्जुन खड़गे ने वेनेजुएला की स्थिति पर भी चिंता जताते हुए कहा कि वहां बन रहे हालात दुनिया के लिए अच्छे नहीं हैं. उन्होंने कहा कि डराने वाली और विस्तारवादी नीति ज्यादा समय तक नहीं चलती. हिटलर और मुसोलिनी जैसे लोग इतिहास बन चुके हैं, लेकिन दुनिया में शांति बिगाड़ने वाली सोच ठीक नहीं है.
रूस से तेल आयात कम होने कांग्रेस अध्यक्ष ने फिल्म 'मिस्टर इंडिया' के पॉपुलर लाइन "मोगैम्बो खुश हुआ" का हवाला दिया. उन्होंने कहा कि रूस से तेल खरीद कम होने पर मोगैम्बो खुश हुआ जैसी स्थिति है. साथ ही ट्रंप ये दिखाने की कोशिश कर रहे हैं कि पीएम मोदी उनके कंट्रोल में हैं.
खड़गे ने कहा, "अगर इस तरह की मानसिकता वाले लोग दुनिया को डराने की कोशिश करते हैं, तो भारत झुकने वाला नहीं है." इस तरह खड़गे ने अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के प्रति प्रधानमंत्री मोदी के रवैये पर सवाल उठाया.
ट्रंप के किस बयान पर खड़गे ने ये बयान दिया है?
5 जनवरी को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के रूस से तेल आयात कम करने को लेकर बयान दिया था. ट्रंप ने कहा था, "भारत ने यह फैसला उन्हें खुश करने के लिए लिया. वे मुझे खुश करना चाहते थे. प्रधानमंत्री मोदी बहुत अच्छे इंसान हैं. वे जानते थे कि मैं खुश नहीं था, इसलिए मुझे खुश करना जरूरी था. हम व्यापार करते हैं और उन पर टैरिफ बढ़ा सकते हैं."
साथ ही पत्रकारों को संबोधित करते हुए ट्रंप ने कहा था, "अगर भारत रूसी तेल मुद्दे पर मदद नहीं करता तो हम उस पर टैरिफ बढ़ा सकते हैं." अमेरिकी सेना के प्रमुख ने दावा किया कि भारत ने रूस से तेल की खरीद में काफी कमी की है.
ट्रंप की यह नई चेतावनी रूस के साथ भारत के ऊर्जा व्यापार पर चल रहे अमेरिकी दबाव के बीच आई है. हालांकि, भारत घरेलू ऊर्जा सुरक्षा के लिए रूस से तेल खरीद को जरूरी बताता रहा है. ट्रंप के ये बयान प्रधानमंत्री मोदी से हाल में हुई उनकी बातचीत के बाद आए हैं, जिसमें दोनों नेताओं ने टैरिफ संबंधी तनाव के बावजूद द्विपक्षीय व्यापार संबंधों में गति बनाए रखने के महत्व पर जोर दिया था.

