मेय मस्क, मॉडल, डायटीशियन, लेखिका
किशोरावस्था से ही रैंप वॉक करने वाली मेय मस्क टेक दिग्गज ईलॉन मस्क की मां हैं. लोगों का दिल जीतने में एकदम माहिर. इंडिया टुडे कॉन्क्लेव में उन्होंने मॉडलिंग की चमक-दमक, एक पोषण विशेषज्ञ होने पर संतोष और माता-पिता के निस्वार्थ भाव पर खुलकर चर्चा की.
संस्मरण और सेल्फ हेल्प पुस्तक ए वुमन मेक्स अ प्लान की लेखिका 78 वर्षीया मस्क ने बताया कि कैसे एक दशक पहले उनके बेटे के अचानक पूरी दुनिया में ख्यात हो जाने से उनकी जिंदगी और बतौर पोषण विशेषज्ञ उनके कामकाजी जीवन पर कितना गहरा असर पड़ा. उन्हें अपने लक्ष्यों को फिर से निर्धारित करने पर बाध्य होना पड़ा.
उन्होंने बताया, ''40 साल तक, मैं सप्ताह में पांच दिन मरीजों को देखती थी. यही मेरा काम था और मुझे बहुत पसंद था. मैं पार्ट-टाइम मॉडलिंग किया करती. फिर मैं ईलॉन की मां बन गई...मैंने सोचा, मुझे अब प्रैक्टिस छोड़नी होगी. मैंने पब्लिक हेल्थ पढ़ाना शुरू किया और फिर मॉडलिंग ने जगह ले ली. उम्र के छठे दशक के अंतिम वर्षों में आप ऐसी चीज की उम्मीद नहीं कर सकते.''
उन्होंने तलाक, पेशेवर झटकों और अंतरराष्ट्रीय माइग्रेशन के बीच सजग रहते हुए जीवन को आगे बढ़ाने के अनुभव के बारे में बात की. उन्होंने कहा, ''पीछे मुड़कर देखने पर एहसास होता है कि मैं कितने कठिन दौर से गुजरी. मैंने योजना बनाई, उसे बदला और फिर से शुरुआत की. मैंने ऐसा नौ शहरों और तीन देशों में किया. हर बार किसी चीज को बदलना एक संघर्ष होता है, बाद में वह अच्छा लगने लगता है क्योंकि आप उन चीजों को पीछे छोड़ चुके होते हैं जो आपको पसंद नहीं थीं.''
मस्क कहती हैं कि उन्हें सबसे ज्यादा आनंद परिवार और सार्थक काम करने से मिला. बच्चों का पालन-पोषण करना उनके जीवन का एक निर्णायक हिस्सा रहा और इस उपलब्धि पर उन्हें गर्व है. उन्होंने कहा, ''मुझे सबसे ज्यादा मजा अपने बच्चों और पोते-पोतियों के साथ वक्त बिताने में मिलता है.'' आखिरकार, उम्र बढ़ने का मतलब यह तो नहीं कि हम गंभीरता ओढ़ लें. मस्क कहती हैं, ''उम्र बहुत अच्छी बात है क्योंकि आप जीवित हैं.''
जो आपको वाकई करना पसंद हो, ऐसा काम जो चुनौतीपूर्ण और सरप्राइजिंग हो, वही आपको आगे बढ़ाए रखता है. आप हर सुबह उत्साह से जागते हैं.
कई लोग मतलबी होते हैं, आप उन्हें नहीं बदल सकते. आप कितने ही विनम्र रहें, वे वैसे ही संवेदनहीन रहेंगे. उन्हें अपनी जिंदगी से निकाल दीजिए.

