- गजेंद्र सिंह भाटी
एल्ट सीरीज हाउस ऑफ द ड्रैगन अगर विहंगम ड्रैगन्स के विनाशकारी अग्नि-नृत्य दिखलाती थी, और गेम ऑफ थ्रोंस अगर तलवारों से बने लौह सिंहासन की चुभती, जहरीली राजनीति की जादुई, नग्न कथा कहती थी, तो इनसे क्रमश: 80 वर्ष बाद और 90 वर्ष पहले घट रही अ नाइट ऑफ द सेवन किंगडम्स उन दोनों दुनियाओं से परे, दो भोले, प्यारे, मनमोहक, नैतिक लड़कों की ऐसी खुशबूदार, खिलती 'बडी-कॉमेडी’ है जिस पर आपका दिल आ जाना तय है.
इन लड़कों में पहला है—डंक. सर डंकन द टॉल. साढ़े छह फुट से लंबा. पहाड़ जैसा आदमी. मन का कोमल. माथे से निष्कपट. दुनिया को फेस वैल्यू पर लेने वाला. लेकिन रॉकी बेलबोआ की तरह हजार घाव खाकर भी उठ खड़ा होने वाला बलशाली. उसके योद्धा गुरु, पेनिट्री के सर आर्लन ने मरते वक्त तलवार कांधे पर छुआकर उस अनाथ को नाइट (योद्धा) बनाया था. शाहबलूत का एक पेड़ और लाल-छाती वाला रॉबिन पंछी इसके साक्षी थे.
यानी कोई साक्षी न था. अब खुद को नाइट साबित करने के लिए उसे किसी की सिफारिश चाहिए. ताकि वह एशफोर्ड की मिट्टी में हो रहे बड़े जॉस्टिंग टूर्नामेंट में हिस्सा ले सके. उसका बडी यानी साथी है—एग. नौ साल का गंजा लड़का. रहस्यमयी. एक सराय में डंक को मिला था. बहुत बोलता है. बहुत कुछ जानता है. कहता है, ''तुम्हें मेरी सबसे ज्यादा जरूरत है’’और यूं उसका स्कवायर, माने सेवक-शिष्य बन जाता है. यहीं से इस अंडरडॉग जोड़ी की वह यात्रा शुरू होती है जो सीजन 1 से चलते हुए कई सीजन में जाने वाली है.
जॉर्ज आर.आर. मार्टिन की डंक और एग की कहानियों वाली नॉवेल सीरीज को पहली बार यहां छुआ गया है. अ नाइट ऑफ द सेवन किंगडम्स के क्रिएटर आइरा पार्कर डंक (पीटर क्लैफी, आयरलैंड के रग्बी प्लेयर) को टेलीविजन का सबसे प्यारा किरदार कहते हैं. वह मार्टिन के लिखे बाकी अंडरडॉग किरदारों जैसा नहीं है. वह तेज-तर्राट या विलक्षण प्रतिभा का धनी नहीं है. उसका भीतर से अच्छा इंसान होना, संवेदनशील होना, भावुक होना उसकी सबसे बड़ी ताकत है.
ये सब गुण हमारे वयस्क, नशीले सीरीज-विश्व से कहीं न कहीं गायब होते चले गए हैं. पार्कर और मार्टिन ने ड्रैगन्स और पावर पॉलिटिक्स से परे इसे अपनी नवीनतम प्रस्तुति का आधार बनाया है. सीरीज की सबसे बड़ी पहचान उसकी फ्रैश और असरदार कॉमेडी है. बुद्धिमान एग (डेक्सटर एनसेल) और भोले डंक के बीच के रिश्ते के रेशे जब चिढ़ने-चिढ़ाने वाली हंसी-ठिठोली में रंगते हैं तो सबसे ज्यादा मजा आता है. तब हमें किसी खूनी नृशंसता, वयस्कता, कामुकता की कण भर जरूरत नहीं रह जाती. उन ड्रैगन्स की भी नहीं जो इस सीरीज के किसी सीजन में नहीं दिखने वाले हैं.
डंक और एग के भीने रिश्ते के अलावा दो हाइ-पॉइंट इस सीरीज में अब तक आए हैं. पहला वह जब एक भविष्य बताने वाली महिला डंक को कहती है कि वह परम प्रतापी बनेगा और लैनिस्टर घराने के लोगों से भी ज्यादा पैसेवाला होगा. फिर रीढ़ में सिहरन दौड़ जाती है जब वह एग की ओर देख कहती है-''तुम राजा बनोगे और भयंकर अग्नि में जलकर मरोगे. कीड़े तुम्हारे देह की राख खाएंगे. तुम्हारे जानने वाले तुम्हारी मौत पर खुशी से उछलेंगे.’’
जहां एग का मुंह यह सुनकर सूख जाता है, वहीं डंक इसे खारिज करते हुए हंस पड़ता है और दोनों आगे बढ़ जाते हैं. दूसरा हाइ-पॉइंट एपिसोड 5 'इन द नेम ऑफ द मदर’ है, जो सीरीज का सबसे खूंरेजी वाला लेकिन निहायती जरूरी एपिसोड बन पड़ता है जब एरियन टारगेरियन प्राचीन 'ट्रायल ऑफ सेवन’ की मांग करता है और डंक को अपने छह साथियों के साथ उससे युद्ध करना होता है. और यह मार्टिन की नौ किंगडम वाली इस दुनिया के सबसे रिफ्रेशिंग युद्धों में से एक साबित होता है.
'अ नाइट ऑफ द सेवन किंगडम्स’ को आप जियोहॉटस्टार पर देख सकते हैं.

