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योगी आदित्यनाथ
मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को भारी बहुमत मिलने के बाद 25 मार्च को जब योगी आदित्यनाथ ने दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली तो उन्होंने एक साथ कई मिथकों को भी चूर-चूर कर दिया. उत्तर प्रदेश के राजनीतिक इतिहास में पांच साल का कार्यकाल पूरा करने के बाद दोबारा मुख्यमंत्री बनने वाले योगी आदित्यनाथ पहले नेता बने. योगी ने नोएडा से जुड़ा यह मिथक भी तोड़ा जिसमें नोएडा जाने वाला मुख्यमंत्री दोबारा सत्ता में वापसी नहीं करता. इतना ही, नहीं लखनऊ के 5 कालिदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री के सरकारी आवास में पांच साल रहने के बाद दोबारा रहने वाले योगी पहले मुख्यमंत्री बने.
यूपी के विधानसभा चुनाव में भाजपा को दोबारा भारी बहुमत के साथ सत्ता में वापसी कराने में केंद्रीय भूमिका निभाने वाले योगी आदित्यनाथ ने उपचुनावों में भी अपनी नेतृत्व क्षमता का लोहा मनवाया. समाजवादी पार्टी (सपा) का गढ़ मानी जाने वाली रामपुर और आजमगढ़ लोकसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में कमल खिलाकर योगी आदित्यनाथ ने यह साबित कर दिया कि विधानसभा उपचुनाव की जीत कोई तुक्का नहीं थी. इसके बाद पहली बार रामपुर विधानसभा उपचुनाव में भी भगवा फहराकर योगी ने मुख्य विपक्षी दल सपा की मजबूत पकड़ वाली सीटों पर कब्जा जमाने का क्रम बरकरार रखा है.
योगी का 'जलवा' यूपी के बाहर गुजरात में भी जारी रहा. साल 2022 के गुजरात विधानसभा चुनाव में योगी आदित्यनाथ ने वांकानेर सीट से चुनाव प्रचार का श्रीगणेश किया था. यह सीट कांग्रेस का गढ़ थी. पिछले 15 साल में यहां से कांग्रेस उम्मीदवार मोहम्मद जावेद पीरजादा लगातार चुनाव जीत रहे थे. योगी के चुनाव प्रचार का असर यह रहा कि भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न बनी मोरबी जिले की इस सीट को पिछले तीन बार से जीत रही कांग्रेस को वर्ष 2022 के चुनाव में भाजपा उम्मीदवार से हार का सामना करना पड़ा.
वहीं, यूपी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपराधियों के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति जारी रखते हुए माफिया मुख्तार अंसारी को पहली बार कोर्ट से सजा दिलवाई. योगी ने अपने दूसरे कार्यकाल में भी प्रदेश में पुलिस सुधार का क्रम जारी रखा. योगी सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल में प्रदेश के तीन जिलों गाजियाबाद, आगरा और प्रयागराज में भी पुलिस कमिशनरेट प्रणाली लागू की है. योगी सरकार ने इससे पहले देश की राजधानी नई दिल्ली से सटे गौतमबुद्धनगर (नोएडा) और प्रदेश की राजधानी लखनऊ, कानपुर तथा वाराणसी में पुलिस कमिशनरेट प्रणाली लागू की थी.
यूपी में भाजपा को दोबारा भारी बहुमत के साथ सत्ता दिलाने वाले योगी ने उपचुनावों में भी अपना लोहा मनवाया

